Gam Bhari Shayari in Hindi | गम भरी शायरी हिंदी में

Gam Bhari Shayari in Hindi – दोस्तों आज कल हमने देखा है की लोग प्यार में धोका खाने के बाद काफी उदास हो जाते हैं । वह अपना दर्द किसी को नही बताते और अंदर ही अंदर काफी दुखी हो जाते हैं आज हम उसने लिए Gam Bhari Shayari in Hindi लाये हैं ताकि वह अपना दुःख इन Dhukh Bhari Shayari से दूसरों तक वक्त कर सकें और अपने दिल का दर्द बहार निकाल सकें ।
इस पोस्ट में हमने आपके लिए Dard Bhare Status तथा Gam Bhari Shayari Images आदि लाये हैं उम्मीद करते हैं यह Gam Bhari Shayari in Hindi पोस्ट आपको पसंद आएगी ।

New Gam Bhari Shayari

खुद ही रोए और खुद ही चुप हो गए,
ये सोचकर की कोई अपना होता तो रोने ना देता !

Gam Bhari Shayari in Hindi image

 

जहर देता है कोई, कोई दवा देता है,
जो भी मिलता है मेरा दर्द बढ़ा देता है !!

 

गमो का बाजार खाली पड़ा है,
क्यूंकि यहाँ हर किसी के पास गम जो पड़ा है !

Gam Bhari Shayari in Hindi

 

वो नाराज हैं हमसे की हम कुछ लिखते नहीं,
कहाँ से लाएं लफ्ज़ जब हमको मिलते नहीं,
दर्द की ज़ुबान होती तो बता देते शायद,
वो जख्म कैसे दिखाए जो दिखते नहीं !

 

गम को आँसू बनकर बहने न दिया,
कुछ इस तरह मैंने खुद को ठोकरों में भी,
खुद को सम्भाल लिया !

Gam Bhari Shayari image

 

इंसान खुशी में बहक जाता है,
लेकिन धोका खाकर संभल जाता है।

Gam Bhari Shayari in Hindi

शायरी में सिमटते कहाँ हैं दिल के दर्द दोस्तों,
बहला रहे हैं खुद को जरा फोन के साथ !!

Gam Bhari Shayari in Hindi image

 

कौन कहता है नफरतों में गम होता है,
कुछ मोहब्बत बड़ी कमाल की होती है ।

 

कुछ खोने का गम कुछ न पा सकने के,
गम से कहीं ज्यादा होता है !

 

तू नाराज न रहा कर तुझे वास्ता है खुदा का,
एक तेरा चेहरा देख कर ही तो,
हम अपना गम भुलाते है !

 

हम भी फूलों की तरह अक्सर तनह रहते है,
कभी टूट जाते है तो कभी कोई तोड़ देता है ।

Gam Bhari Shayari Hindi image

 

तेरी आरज़ू मेरा ख्वाब है ऐ सनम
जिसका रास्ता बहुत खराब है,
मेरे जख्म का अंदाजा तू न लगा,
दिल का हर पन्ना दर्द की किताब है !!

गम भरी शायरी हिंदी में

दुनिया भी मिली गम भी मिले है,
वो क्यूँ नहीं मिलता जिसे माँगा था खुदा से !

 

दर्द बनकर समा गया कोई !
दिल में काँटे चुभा गया कोई !

 

खुशियों की चाह थी वहां बे हिसाब गम निकले,
बेवफा तू नहीं सनम बद नसीब तो हम निकले !

Dukh Bhari Shayari in Hindi

 

हर दिन बस खुद से एक ही सवाल होता है,
इन गम भरी आंखों से,
क्या उसे सच में फर्क नहीं पड़ता !

 

इस शहर में हम जैसा सौदागर कहाँ मिलेगा यारो,
हम गम भी खरीद लेते हैं,
किसी की खुशी के लिए !

 

जो नजर से गुजर जाया करते हैं,
वो सितारे अक्सर टूट जाया करते हैं,
कुछ लोग दर्द को बयां नहीं होने देते,
बस चुपचाप बिखर जाया करते हैं !

Dard Bhari Shayari

कभी टुटा नही दिल से तेरी याद का रिश्ता,
गुफ्तगू हो न हो ख्याल तेरा ही रहता है !

गम भरी शायरी फोटो

 

उसने कह दिया भूल जाओ मुझे,
मैंने भी हंसते हुए कह दिया कोन तुम !

 

न आवाज हुई न तमासा हुआ,
बड़ी ख़ामोशी से टूट गया,
एक भरोंसा जो तुझपे था !

 

प्यार किया बदनाम हो गए,
चर्चे हमारे सरेआम हो गए,
जालिम ने दिल उस वक्त थोडा,
जब हम उसके गुलाम हो गए ।

 

रोज़ पिलाता हूँ एक ज़हर का प्याला उसे,
एक दर्द जो दिल में है मरता ही नहीं है।

 

लोग मुन्तजिर ही रहे कि हमें टूटा हुआ देखें,
और हम थे कि दर्द सहते-सहते पत्थर के हो गए !

 

हम उम्मीदों की दुनियां बसाते रहे,
वो भी पल पल हमें आजमाते रहे,
जब मोहब्बत में मरने का वक्त आया,
हम मर गए और वो मुस्कुराते रहे ।

 

आज के बाद ये रात,
और तेरी बात नहीं होगी !

Gam Bhari Shayari Image

 

जो इलजाम रह गया हो,
वो मेरे कफन पर लिख देना !

 

हम तुम्हे खोना नही चाहते,
और तुम्हारे बगैर,
किसी का होना नही चाहते !

दुनिया की सबसे दर्द भरी शायरी

यूं ही नहीं याद आते है,
अब वो बचपन के दिन,
जिंदगी के बोझ से तो,
हल्का ही था वो स्कूल बैग !

 

लग गयी आग उस आशियाने में,
जिसमें तू कभी रहती थी !😒

 

तेरे गम भी गजब सी चुभन छोड़ जाते हैं,
हसते हसते भी हमारे आंसु छलक जाते हैं ।

 

आज हम उनको बेवफा बताकर आए हैं,
उनके खतों को पानी में बहाकर आए हैं,
कोई निकाल न ले उन्हें पानी से,
इसलिए पानी में भी आग लगाकर आए हैं !

 

दर्द जख्म सुकून नहीं है,
मेरी तरह इश्क का जूनून नहीं है,
मोहब्बत बहती है रगों में मेरी,
रगों में मेरी खून नहीं !

 

मेरा खयाल जेहन से मिटा भी न सकोगे,
एक बार जो तुम मेरे गम से मिलोगे,
तो सारी उम्र मुस्करा न सकोगे !

 

गम को आँसू बनकर बहने न दिया,
कुछ इस तरह मैंने खुद को ठोकरों में भी,
खुद को सम्भाल लिया !

 

बस खामोश रहना पसंद है,
जो हंसाने वाला था वो सक्स गुमसुम कर गया !

 

दुनिया भी मिली गम भी मिले है,
वो क्यूँ नहीं मिलता जिसे माँगा था खुदा से !

 

रोज पिलाता हूँ एक जहर का प्याला उसे,
एक दर्द जो दिल में है मरता ही नहीं है !

 

धोखा दे जाती है अक्सर मासूम चेहरे की चमक हर,
चमकते काँच के टुकड़े को हीरा नहीं कहते !

 

घरों पे नाम थे नामों के साथ ओहदे थे,
बहुत तलाश किया कोई आदमी न मिला !

 

कैसा लगा दोस्तों आपको हमारा यह Gam Bhari Shayari in Hindi पोस्ट अगर आपको अच्छा लगा तो कमेंट में अपनी राय जरुर दें और इस पोस्ट को शेयर जरुर करें ।

5 COMMENTS

  1. Gam ke samundar Hai yaha Suna hai samundar ko bada guman aaya Hai udhar hamele chalo Jahan kasti jaha tufan aaya Hai

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